बिहार कृषि वानिकी योजना 2026: ₹10 में मिलेगा पौधा, 3 साल बाद ₹60 प्रति जीवित पौधे का लाभ, जानें आवेदन प्रक्रिया

Last Updated on October 15, 2026 5:08 PM by Abhijeet kumar

bihar agroforestry scheme 2026
bihar agroforestry scheme 2026

Bihar Agroforestry Scheme 2026: बिहार सरकार किसानों की आय बढ़ाने और राज्य में हरित क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए कृषि वानिकी योजना चला रही है। इस योजना के तहत किसान अपनी निजी या पात्र लीज भूमि पर कृषि के साथ पेड़-पौधे लगा सकते हैं। योजना में किसानों को विभाग की पौधशालाओं से पौधे ₹10 की सुरक्षित राशि पर उपलब्ध कराए जाते हैं। यदि पौधारोपण के तीन वर्ष बाद कम से कम 50% पौधे जीवित रहते हैं, तो किसान को ₹60 प्रति जीवित पौधा प्रोत्साहन राशि देने का प्रावधान है।

यह योजना किसानों को खेती के साथ अतिरिक्त आय का अवसर देने के साथ-साथ बिहार में हरियाली बढ़ाने और पर्यावरण संरक्षण में भी मदद करती है। अगर आप भी बिहार के किसान हैं और अपनी जमीन पर पेड़ लगाकर अतिरिक्त लाभ प्राप्त करना चाहते हैं, तो इस योजना की पात्रता, लाभ, जरूरी दस्तावेज और आवेदन प्रक्रिया की पूरी जानकारी नीचे देखें।

कृषि वानिकी योजना (Agroforestry Scheme) ऐसी व्यवस्था है जिसमें किसान कृषि भूमि पर फसलों के साथ पेड़-पौधों का भी उत्पादन करता है। बिहार सरकार की कृषि वानिकी–अन्य प्रजाति योजना का उद्देश्य किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के साथ-साथ राज्य में वृक्षारोपण और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना है।

इस योजना में किसान अपनी जमीन पर पौधे लगाकर उनकी देखभाल करते हैं। पौधों के जीवित रहने के आधार पर निर्धारित अवधि के बाद प्रोत्साहन राशि दी जाती है।

बिहार कृषि वानिकी योजना 2026 के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है। किसानों के लिए यह एक महत्वपूर्ण अपडेट है। आपके ब्लॉक स्तर पर इस योजना के तहत आवेदन लिए जा रहे हैं, इसलिए इच्छुक किसान अपने संबंधित ब्लॉक/वन विभाग कार्यालय से संपर्क करके आवेदन की प्रक्रिया और जरूरी दस्तावेजों की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

बिहार सरकार के योजना दस्तावेज के अनुसार, योजना में शामिल होने के लिए ऐसी निजी या लीज भूमि उपलब्ध होनी चाहिए, जिस पर कम से कम 100 पौधे लगाए जा सकें।

योजना में कुछ श्रेणियों को चयन में प्राथमिकता भी दी जाती है। इनमें विशेष रूप से:

  1. एक साथ कम से कम 2 हेक्टेयर भूमि पर वृक्षारोपण करने के इच्छुक किसान।
  2. किसान समूह।
  3. पहले से लगाए गए पेड़ों के साथ मिलाकर 2 हेक्टेयर क्षेत्र पूरा करने वाले क्षेत्र।
  4. विभाग द्वारा पहले से किए गए वृक्षारोपण के आसपास की उपयुक्त जमीन।

आवेदन के साथ मुख्य रूप से जमीन से संबंधित दस्तावेज मांगे जाते हैं।

  • आधार कार्ड
  • मोबाइल नंबर
  • बैंक खाते की जानकारी
  • भू-स्वामित्व प्रमाण-पत्र
  • अद्यतन लगान रसीद
  • लीज डीड की छायाप्रति, यदि जमीन लीज पर है
  • आवेदन पत्र

कृषि वानिकी योजना के तहत पात्र किसानों को विभाग की स्थानीय पौधशालाओं से पौधे ₹10 प्रति पौधा सुरक्षित राशि पर उपलब्ध कराए जाते हैं।

यह ₹10 सामान्य रूप से पौधे की अंतिम बिक्री कीमत के रूप में नहीं, बल्कि योजना में निर्धारित सुरक्षित राशि है। योजना की शर्तों के अनुसार निर्धारित अवधि के बाद पात्रता पूरी होने पर इस राशि के भुगतान/वापसी का प्रावधान भी है।

इसलिए किसानों को पौधे प्राप्त करते समय संबंधित वन विभाग कार्यालय से उस वर्ष लागू प्रक्रिया और जमा राशि से संबंधित रसीद जरूर लेनी चाहिए।

योजना सूचना के अनुसार लाभ लेने के लिए ऐसी भूमि आवश्यक है जिस पर कम से कम 100 पौधे लगाए जा सकें। वहीं चयन में कुछ मामलों में 2 हेक्टेयर या उससे अधिक क्षेत्र में वृक्षारोपण करने वाले किसानों/किसान समूहों को प्राथमिकता दी जाती है।

इसलिए केवल जमीन का आकार ही पर्याप्त नहीं है; भूमि की उपयुक्तता और विभागीय मानकों के अनुसार पौधारोपण संभव होना भी जरूरी है।

इस योजना के लिए उपलब्ध बिहार सरकार की सूचना के अनुसार आवेदन स्थानीय वन क्षेत्र कार्यालय या संबंधित जिले के वन प्रमंडल पदाधिकारी (DFO) कार्यालय या संबंधित Block में किया जा सकता है। योजना सूचना में ईमेल के माध्यम से संपर्क का विकल्प भी दिया गया है।

आवेदन करने की प्रक्रिया

1. सबसे पहले नजदीकी वन क्षेत्र कार्यालय से संपर्क करें।

अपने जिले के संबंधित वन क्षेत्र कार्यालय या वन प्रमंडल पदाधिकारी कार्यालय या BLOCK में जाकर कृषि वानिकी योजना के बारे में जानकारी लें।

2. आवेदन फॉर्म प्राप्त करें।

विभाग द्वारा निर्धारित आवेदन फॉर्म प्राप्त करके उसमें मांगी गई जानकारी भरें।

3. जमीन से संबंधित दस्तावेज लगाएं।

भू-स्वामित्व प्रमाण-पत्र, अद्यतन लगान रसीद या पात्र लीज भूमि होने की स्थिति में लीज डीड की प्रति संलग्न करें।

4. आवेदन जमा करें।

पूरा आवेदन संबंधित वन क्षेत्र कार्यालय या वन प्रमंडल पदाधिकारी कार्यालय में जमा करें।

5. पौधे प्राप्त करें।

आवेदन स्वीकृत होने और विभागीय प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्धारित सुरक्षित राशि पर पौधे उपलब्ध कराए जाते हैं।

6. पौधों की देखभाल करें।

पौधे लगाने के बाद उनकी सुरक्षा और नियमित देखभाल किसान की जिम्मेदारी होगी।

7. तीन वर्ष बाद सत्यापन होगा।

निर्धारित अवधि के बाद पौधों की उत्तरजीविता के आधार पर प्रोत्साहन राशि के लिए पात्रता तय की जाएगी।

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Bihar Agroforestry Scheme 2026 किसानों के लिए खेती के साथ पेड़ लगाने और भविष्य में अतिरिक्त आय का अवसर बनाने वाली योजना है। इसमें ₹10 की सुरक्षित राशि पर पौधे प्राप्त किए जा सकते हैं और तीन वर्ष बाद कम से कम 50% पौधे जीवित रहने की स्थिति में ₹60 प्रति जीवित पौधा प्रोत्साहन राशि का प्रावधान है। इच्छुक किसान आवेदन करने से पहले अपने संबंधित वन क्षेत्र कार्यालय या वन प्रमंडल पदाधिकारी कार्यालय से वर्तमान वर्ष की उपलब्धता, पौधों की प्रजाति और आवेदन की प्रक्रिया की जानकारी जरूर प्राप्त करें।

3 साल बाद ₹60 प्रति पौधा कैसे मिलेगा?

किसान को पौधे लगाने के बाद उनकी उचित देखभाल और सुरक्षा करनी होगी। तीन वर्ष के बाद यदि कम से कम 50% पौधे जीवित पाए जाते हैं, तो योजना के अनुसार ₹60 प्रति जीवित पौधा प्रोत्साहन राशि देने का प्रावधान है।
उदाहरण के लिए, यदि किसी किसान ने 100 पौधे लगाए और तीन साल बाद निर्धारित जांच में 60 पौधे जीवित पाए गए, तो पात्रता की अन्य शर्तें पूरी होने पर 60 × ₹60 के हिसाब से ₹3,600 प्रोत्साहन राशि बन सकती है।

योजना में किसान को पौधों की देखभाल खुद करनी होगी

इस योजना में पौधे प्राप्त करने के बाद उनकी सुरक्षा और देखभाल की जिम्मेदारी किसान की होती है। किसान को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि पौधे पर्याप्त संख्या में जीवित रहें।
क्योंकि प्रोत्साहन राशि पौधों की उत्तरजीविता से जुड़ी है, इसलिए सिंचाई, पशुओं से सुरक्षा, खरपतवार नियंत्रण और पौधों की नियमित निगरानी करना महत्वपूर्ण है।

कृषि वानिकी योजना से किसानों को क्या फायदा होगा?

कृषि वानिकी का सबसे बड़ा फायदा यह है कि किसान केवल पारंपरिक फसल पर निर्भर रहने के बजाय अपनी कृषि भूमि से आय के अतिरिक्त स्रोत विकसित कर सकता है।
पेड़ बड़े होने के बाद फल, लकड़ी और अन्य उपयोगी उत्पादों से भी आय का अवसर मिल सकता है। बिहार वानिकी विकास निगम भी कृषि के साथ आम, अमरूद, लीची, बांस आदि को जोड़ने वाली कृषि वानिकी प्रणालियों को राज्य में उपयोगी मानता है।

क्या योजना में लगाए गए पौधों पर किसान का अधिकार होगा?

हां। बिहार सरकार की योजना सूचना में स्पष्ट किया गया है कि योजना के तहत लगाए गए पौधों पर किसान का संपूर्ण अधिकार रहेगा।

क्या कृषि वानिकी योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन होता है?

इस वन विभाग वाली कृषि वानिकी योजना की उपलब्ध आधिकारिक सूचना में आवेदन के लिए स्थानीय वन क्षेत्र कार्यालय या वन प्रमंडल पदाधिकारी कार्यालय का उल्लेख है। इसलिए इसे सीधे ऑनलाइन आवेदन वाली योजना मानने के बजाय अपने जिले के वन विभाग से वर्तमान आवेदन प्रक्रिया की पुष्टि करें।

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