Eklavya Prashikshan Yojana Jharkhand 2026 की शुरुआत राज्य के युवाओं को आर्थिक सहायता प्रदान करने तथा उनकी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी को मजबूत और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से की गई है। एकलव्य प्रशिक्षण योजना झारखंड के माध्यम से राज्य के युवा UPSC, JPSC, SSC, बैंकिंग, रेलवे एवं अन्य सरकारी भर्ती परीक्षाओं की तैयारी बेहतर तरीके से कर सकेंगे। वर्तमान समय में महंगी कोचिंग और आर्थिक कठिनाइयों के कारण कई प्रतिभाशाली छात्र अपनी तैयारी पूरी नहीं कर पाते हैं। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए झारखंड सरकार ने Eklavya Prashikshan Yojana 2026 की शुरुआत की है।
Eklavya Prashikshan Yojana जैसी सुविधाओं के माध्यम से योग्य विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को प्रतिष्ठित कोचिंग संस्थानों में निःशुल्क कोचिंग सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इसके साथ ही कोचिंग अवधि के दौरान विद्यार्थियों को अध्ययन, आवास, यात्रा एवं अन्य आवश्यक खर्चों के लिए ₹2500 प्रति माह वित्तीय सहायता भी प्रदान की जाएगी।
इस लेख में हम आपको Eklavya Prashikshan Yojana Jharkhand 2026 से जुड़ी पात्रता, आवेदन प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज, चयन प्रक्रिया, ₹2500 मासिक सहायता राशि, फ्री कोचिंग सुविधा तथा योजना के सभी महत्वपूर्ण नियमों की विस्तृत जानकारी देने वाले हैं।
![]() |
| एकलव्य प्रशिक्षण योजना 2026 के तहत चयनित विद्यार्थियों को निःशुल्क कोचिंग और ₹2500 प्रतिमाह वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। |
योजना का संक्षिप्त विवरण (Overview)
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| योजना का नाम | एकलव्य प्रशिक्षण योजना 2026 |
| राज्य | झारखंड |
| संबंधित विभाग | उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग |
| लाभार्थी | झारखंड के पात्र विद्यार्थी |
| कोचिंग सुविधा | निःशुल्क कोचिंग |
| मासिक सहायता राशि | ₹2500 प्रति माह |
| वार्षिक लाभार्थी | 27,000 विद्यार्थी |
| आधिकारिक वेबसाइट | https://eklavya.apphost.in/ |
| आवेदन प्रक्रिया | ऑनलाइन |
योजना का उद्देश्य
एकलव्य प्रशिक्षण योजना का मुख्य उद्देश्य झारखंड के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण कोचिंग उपलब्ध कराना और प्रतियोगी परीक्षाओं में उनकी सफलता की संभावना को बढ़ाना है।
योजना के प्रमुख उद्देश्य निम्नलिखित हैं –
आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों को मुफ्त कोचिंग उपलब्ध कराना।
प्रतियोगी परीक्षाओं में झारखंड के युवाओं की भागीदारी बढ़ाना।
सरकारी नौकरी की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों को वित्तीय सहायता प्रदान करना।
ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों के छात्रों को समान अवसर उपलब्ध कराना।
राज्य में रोजगार के अवसरों को बढ़ावा देना।
युवाओं को आत्मनिर्भर और प्रतिस्पर्धी बनाना।
योजना के अंतर्गत उपलब्ध कोर्स
एकलव्य प्रशिक्षण योजना के तहत झारखंड के युवाओं को विभिन्न राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए निःशुल्क कोचिंग सुविधा प्रदान की जाएगी। इस योजना में UPSC, JPSC, SSC, JSSC, बैंकिंग तथा रेलवे जैसी प्रमुख परीक्षाओं को शामिल किया गया है, जिससे विद्यार्थियों को सरकारी नौकरी की तैयारी के लिए बेहतर अवसर मिल सके।
UPSC सिविल सेवा परीक्षा
देश की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षा UPSC की तैयारी करने वाले छात्रों को विशेष कोचिंग सुविधा प्रदान की जाएगी।
JPSC परीक्षा
झारखंड लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित परीक्षाओं की तैयारी के लिए भी योजना का लाभ दिया जाएगा।
SSC एवं JSSC परीक्षाएं
केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न भर्ती परीक्षाओं के लिए कोचिंग उपलब्ध होगी।
बैंकिंग परीक्षाएं
बैंक पीओ
बैंक क्लर्क
रेलवे भर्ती परीक्षाएं
रेलवे भर्ती बोर्ड द्वारा आयोजित विभिन्न परीक्षाओं की तैयारी कराई जाएगी।
योजना के प्रमुख लाभ
1. फ्री कोचिंग सुविधा
चयनित विद्यार्थियों को प्रतिष्ठित कोचिंग संस्थानों में निशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।
2. ₹2500 मासिक सहायता
कोचिंग अवधि के दौरान प्रत्येक छात्र को ₹2500 प्रतिमाह सहायता राशि प्रदान की जाएगी।
3. गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन
अनुभवी शिक्षकों द्वारा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराई जाएगी।
4. डिजिटल मॉनिटरिंग
पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से संचालित होगी जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित होगी।
पात्रता मानदंड
एकलव्य प्रशिक्षण योजना का लाभ केवल उन विद्यार्थियों को प्रदान किया जाएगा जो सरकार द्वारा निर्धारित पात्रता शर्तों को पूरा करते हैं। आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को अपनी शैक्षणिक योग्यता, आय सीमा तथा अन्य आवश्यक मानदंडों की जांच अवश्य कर लेनी चाहिए।
शैक्षणिक योग्यता
आवेदक ने झारखंड के किसी मान्यता प्राप्त विद्यालय से 10वीं एवं 12वीं उत्तीर्ण की हो।
या
आवेदक के पास झारखंड का स्थानीय निवासी प्रमाण पत्र होना चाहिए।
परीक्षा पात्रता
जिस परीक्षा के लिए छात्र कोचिंग लेना चाहता है, उसकी निर्धारित पात्रता पूरी करनी होगी।
आय सीमा
परिवार की वार्षिक आय ₹8 लाख से कम होनी चाहिए।
खाद्य सुरक्षा योजना
यदि आवेदक राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना या राज्य खाद्य सुरक्षा योजना के अंतर्गत पंजीकृत है, तो वह भी पात्र माना जाएगा।
अन्य शर्त
किसी अन्य विभाग की समान कोचिंग योजना का लाभ लेने वाले छात्र इस योजना के लिए पात्र नहीं होंगे।
आवश्यक दस्तावेज
आवेदन के लिए निम्न दस्तावेज आवश्यक होंगे –
आधार कार्ड
10वीं की मार्कशीट
12वीं की मार्कशीट
आय प्रमाण पत्र
निवास प्रमाण पत्र
राशन कार्ड
बैंक पासबुक
पासपोर्ट साइज फोटो
मोबाइल नंबर
ईमेल आईडी
आवेदन प्रक्रिया ( Eklavya Prashikshan Yojana 2026 )
| एकलव्य प्रशिक्षण योजना 2026 के तहत चयनित विद्यार्थियों को निःशुल्क कोचिंग और ₹2500 प्रतिमाह वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। |
चरण 1: ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन
छात्र को आधिकारिक पोर्टल पर जाकर पंजीकरण करना होगा।
| एकलव्य प्रशिक्षण योजना 2026 के तहत चयनित विद्यार्थियों को निःशुल्क कोचिंग और ₹2500 प्रतिमाह वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। |
चरण 2: आवेदन फॉर्म भरना
सभी व्यक्तिगत एवं शैक्षणिक जानकारी दर्ज करनी होगी।
चरण 3: दस्तावेज अपलोड करना
सभी आवश्यक प्रमाण पत्र अपलोड करने होंगे।
चरण 4: कोर्स चयन
प्रतियोगी परीक्षा का चयन करना होगा।
चरण 5: आवेदन जमा करना
जानकारी सत्यापित करने के बाद आवेदन जमा करना होगा।
छात्रों की शॉर्टलिस्टिंग प्रक्रिया
योजना में छात्रों का चयन 12वीं कक्षा में प्राप्त अंकों के आधार पर किया जाएगा।
प्रत्येक बोर्ड की अलग मेरिट सूची तैयार होगी।
टाई होने की स्थिति में
यदि दो छात्रों के अंक समान हों –
अधिक आयु वाले छात्र को प्राथमिकता मिलेगी।
आयु समान होने पर कम पारिवारिक आय वाले छात्र को प्राथमिकता मिलेगी।
बोर्ड-वाइज सीट आवंटन
प्राप्त आवेदनों के अनुपात में प्रत्येक बोर्ड को सीटें आवंटित की जाएंगी।
उदाहरण के लिए यदि कुल 1000 सीटें हैं और –
JAC – 60%
CBSE – 20%
ICSE – 20%
आवेदन प्राप्त होते हैं, तो सीटों का आवंटन भी इसी अनुपात में किया जाएगा।
दस्तावेज सत्यापन
मेरिट सूची में शामिल छात्रों के दस्तावेजों की जांच उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग द्वारा की जाएगी।
सत्यापन सफल होने पर छात्र पात्र सूची में शामिल किया जाएगा।
पैनल निर्माण
उपलब्ध सीटों के मुकाबले 1.5 गुना छात्रों का पैनल तैयार किया जाएगा।
यह पैनल दो वर्षों तक वैध रहेगा।
हालांकि पैनल में नाम शामिल होने से अंतिम चयन की गारंटी नहीं मिलेगी।
अंतिम चयन प्रक्रिया
पैनल प्रकाशित होने के बाद छात्र को अपनी पसंद के सूचीबद्ध कोचिंग संस्थान में प्रवेश लेना होगा।
इसके बाद –
कोचिंग संस्थान का चयन
बैंक विवरण अपलोड
आवेदन सत्यापन
की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
First Come First Serve नियम
कोचिंग संस्थानों में सीटों का आवंटन "पहले आओ, पहले पाओ" के आधार पर किया जाएगा।
जो छात्र पहले आवेदन प्रक्रिया पूरी करेंगे, उन्हें प्राथमिकता दी जाएगी।
महत्वपूर्ण लिंक
| लिंक विवरण | महत्वपूर्ण लिंक |
|---|---|
| आधिकारिक वेबसाइट | यहाँ क्लिक करें |
| संपर्क / हेल्प डेस्क | कॉन्टैक्ट करें |
| ऑनलाइन आवेदन पोर्टल | आवेदन करें |
| स्थिति जांचें | स्टेटस देखें |
उपस्थिति नियम
75% उपस्थिति अनिवार्य
प्रत्येक छात्र को कम से कम 75 प्रतिशत उपस्थिति बनाए रखनी होगी।
कम उपस्थिति होने पर
यदि किसी माह में उपस्थिति 75 प्रतिशत से कम रहती है, तो उस माह की सहायता राशि रोक दी जाएगी।
तीन माह लगातार कम उपस्थिति
यदि तीन अलग-अलग महीनों में उपस्थिति निर्धारित सीमा से कम रहती है, तो छात्र को स्पष्टीकरण देना होगा।
असंतोषजनक स्पष्टीकरण
यदि समिति स्पष्टीकरण से संतुष्ट नहीं होती, तो कोचिंग शुल्क वापस जमा करने की कार्रवाई की जा सकती है।
छात्रों को मिलने वाली ऑनलाइन सुविधाएं
योजना के पोर्टल पर छात्र निम्न सुविधाओं का लाभ ले सकेंगे –
आवेदन स्थिति देखना
चयन सूची देखना
उपस्थिति रिकॉर्ड देखना
भुगतान की जानकारी प्राप्त करना
शिकायत दर्ज करना
सहायता राशि की स्थिति जांचना
DHTE की भूमिका
उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग योजना के संचालन की मुख्य जिम्मेदारी निभाएगा।
मुख्य कार्य –
मेरिट सूची तैयार करना
पैनल प्रकाशित करना
भुगतान स्वीकृत करना
निगरानी करना
कोचिंग संस्थानों की भूमिका
छात्र सत्यापन
उपस्थिति रिकॉर्ड अपलोड करना
प्रशिक्षण उपलब्ध कराना
वार्षिक परिणाम अपलोड करना
बैंक की भूमिका
पोर्टल संचालन
फीस भुगतान
सहायता राशि वितरण
शिकायत निवारण
PMU की भूमिका
दस्तावेज सत्यापन
पैनल तैयार करना
उपस्थिति निगरानी
वित्तीय निगरानी
योजना में किस कोचिंग के लिए प्रतिवर्ष कितने छात्रों का चयन किया जाता है?
एकलव्य प्रशिक्षण योजना के तहत विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रतिवर्ष हजारों विद्यार्थियों का चयन किया जाता है। झारखंड सरकार ने इस योजना के प्रभावी संचालन हेतु लगभग ₹190.05 करोड़ का वार्षिक बजट निर्धारित किया है। योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को निःशुल्क कोचिंग और वित्तीय सहायता प्रदान करना है। नीचे दी गई तालिका में विभिन्न कोर्सों के लिए निर्धारित लाभार्थियों की संख्या का विवरण दिया गया है।
📊 कोर्सवार लाभार्थियों की संख्या
| कोर्स | प्रतिवर्ष चयनित छात्र |
|---|---|
| UPSC Civil Services | 1000 |
| JPSC | 2000 |
| Bank PO | 2000 |
| Bank Clerk | 5000 |
| Railway Recruitment Exams | 8500 |
| SSC | 8500 |
योजना के अंतर्गत सबसे अधिक लाभ रेलवे एवं SSC परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों को मिलेगा, जहां प्रत्येक कोर्स के लिए 8,500 सीटें निर्धारित की गई हैं। वहीं UPSC जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा के लिए 1,000 छात्रों का चयन किया जाएगा। इस प्रकार कुल 27,000 विद्यार्थियों को प्रतिवर्ष निःशुल्क कोचिंग और ₹2500 प्रतिमाह सहायता राशि का लाभ प्रदान किया जाएगा।
योजना की प्रमुख विशेषताएं
27,000 छात्रों को लाभ
मुफ्त कोचिंग सुविधा
₹2500 प्रतिमाह सहायता
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
मेरिट आधारित चयन
DBT भुगतान प्रणाली
75% उपस्थिति नियम
पारदर्शी चयन प्रक्रिया
आधुनिक डिजिटल पोर्टल
झारखंड सरकार द्वारा वित्तपोषित योजना
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
| प्रश्न | उत्तर |
|---|---|
| यदि छात्र कोचिंग छोड़ देता है तो क्या होगा? | यदि कोई छात्र कोचिंग छोड़ देता है या नियमित रूप से कक्षाओं में भाग नहीं लेता है, तो उसकी आगे की कोचिंग फीस एवं ₹2500 मासिक सहायता राशि का भुगतान बंद कर दिया जाएगा। |
| ₹2500 मासिक सहायता राशि कैसे मिलेगी? | कोचिंग संस्थान द्वारा प्रवेश स्वीकृत होने के बाद अगले महीने से सहायता राशि सीधे छात्र के बैंक खाते में DBT (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से भेजी जाएगी। |
| क्या चयनित छात्रों को बांड जमा करना होगा? | हाँ, चयनित छात्रों को गैर-न्यायिक स्टाम्प पेपर पर एक बांड जमा करना होगा। योजना के नियमों का उल्लंघन करने पर सरकार कोचिंग शुल्क की वसूली कर सकती है। |
| कोचिंग फीस का भुगतान किसे किया जाएगा? | सरकार कोचिंग फीस सीधे कोचिंग संस्थान को भुगतान करेगी। यह राशि छात्रों को नकद नहीं दी जाएगी। |
| योजना के तहत न्यूनतम उपस्थिति कितनी आवश्यक है? | छात्रों के लिए कोचिंग अवधि के दौरान न्यूनतम 75% उपस्थिति अनिवार्य है। |
| 75% से कम उपस्थिति होने पर क्या होगा? | यदि किसी माह में छात्र की उपस्थिति 75% से कम रहती है, तो उस माह की ₹2500 सहायता राशि जारी नहीं की जाएगी। |
| क्या योजना का लाभ एक से अधिक बार लिया जा सकता है? | नहीं, एक छात्र इस योजना का लाभ केवल एक बार ही प्राप्त कर सकता है। |
| क्या अन्य कोचिंग योजनाओं का लाभ लेने वाले छात्र आवेदन कर सकते हैं? | नहीं, किसी अन्य विभाग की समान कोचिंग योजना का लाभ प्राप्त करने वाले छात्र इस योजना के लिए पात्र नहीं होंगे। |
| इस योजना के तहत कितने छात्रों को लाभ मिलेगा? | एकलव्य प्रशिक्षण योजना के तहत प्रतिवर्ष लगभग 27,000 छात्रों को लाभ प्रदान किया जाएगा। |
निष्कर्ष
एकलव्य प्रशिक्षण योजना झारखंड के युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। यह योजना उन विद्यार्थियों के लिए विशेष रूप से लाभकारी है जो आर्थिक कठिनाइयों के बावजूद बड़े सपने देखते हैं और सरकारी नौकरी प्राप्त करना चाहते हैं। मुफ्त कोचिंग, ₹2500 प्रतिमाह सहायता राशि, पारदर्शी चयन प्रक्रिया और आधुनिक ऑनलाइन प्रणाली इस योजना को राज्य की सबसे महत्वपूर्ण छात्र कल्याण योजनाओं में शामिल करती है।
यदि आप झारखंड के निवासी हैं और UPSC, JPSC, SSC, बैंकिंग या रेलवे जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करना चाहते हैं, तो यह योजना आपके लिए एक सुनहरा अवसर साबित हो सकती है। समय पर आवेदन करें और अपने करियर को नई दिशा दें।
